1. वर्तमान में बीपी, शुगर, कॉलस्ट्रॉल व मानसिक तनाव के पेंशट है अधिक।
2. तनाव को दूर करने के लिये योगा है सबसे बेतहर उपाय – डा0 नीरव बंसल।
3. स्वस्थ जीवन हेतु बीपी होना चाहिये 120 तक – डा0 नीरव बंसल
4. एक बार खाने में गर्म करके उपयोग किया गया तेल पुनः गर्म करके उपयोग करने पर शरीर को पहुँचता है हानि – डा0 बंसल।
5. फास्ट फूड व ऑयली फूड खाना पूरी तरह शरीर को पहुँचता हैं हानि।
6. शुगर के मरीजों को बरतनी चाहिये बहुत सावधानियाँ।
7. स्वस्थ शरीर हेतु नियमित व्ययाम, संतुलित आहार, व योगा पर दिया जाना चाहिये ध्यान।
आज चैम्बर सभागार में चैम्बर अध्यक्ष मनोज कुमार बंसल की अध्यक्षता में मैक्स सुपरस्पेशयलिटी हॉस्पिटल वैशाली के डा0 नीरव बंसल, Director Cardiac Sciences, Minimal Invasive Cardiac Surgery (MICS) ,Cardiothoracic Vascular Surgery ( CTVS) के साथ Advancing Heart Health सेमीनार का आयोजन किया गया। डा0 नीरव बंसल ने बताया कि हमें शरारिक बीमारियों से बचने के लिये प्रारंभिक उपचार पर ध्यान देना चाहिये। उन्होंने कहा कि आज के समय में बीपी, शुगर, मानसिक तनाव, कॉलस्ट्रोल की समस्या सबसे अधिक विकराल रूप ले चुकी है। तनाव को कम करने के लिये योगा करना सबसे अच्छा और बेहतर उपाय है।
डा0 नीरव बंसल द्वारा बीपी के बारे में बताया गया है कि व्यक्ति के 40 से 50 की उम्र में बीपी बढ़ने पर तुरन्त सजग हो जाना चाहिये। व्यक्ति को अपना बीपी 120 से अधिक नहीं होना चाहिये। 120 से उपर बीपी होने पर तुरन्त अपने चिकित्सक से संपर्क कर परमार्श लेना चाहिये। क्योंकि अधिक बीपी व्यक्ति के जीवन की कम करता है। क्योंकि हर व्यक्ति के शरीर पॉजीटिव साइकिल व नगेटिव साइकिल पर चलता है। बीपी बढ़ाने पर नगेटिव साईकिल बहुत तेजी से बढते हैं। आज के समय में डीसिज के कॉम्प्लीकेशन ज्यादा है और मेडिसन के कॉम्प्लीकेशन कम है।
डा0 बंसल द्वारा सदस्यांे का ज्ञानवर्धन करते हुए बताया गया कि कोई भी खाने में ऑयल एक बार उपयोग होने के बाद उसको पुनः उपयोग नहीं करना चाहिये क्योकि पुनः तेल गर्म होने पर वह शरीर में जहर का कार्य करता है। उन्होंने कहा कि सभी व्यक्तियों को घर का बना हुआ भोजन करना चाहिये जितना हो सके बाहर के ऑयली फूड से बचना चाहिये। उन्हांेने बताया कि शुगर के मरीजों को प्रारम्भ में समस्या कम होती है लेकिन जब समस्या होती है तब तक शुगर को पर्याप्त हानि हो चुकी होती है। इसलिये शुगर होने पर बहुत सावधानियाँ बरतनी चाहिये।
डा0 नीरव बंसल ने बताया कि शरीर को स्वस्थ रखने हेतु नियमित व्ययाम, योगा व संतुलित डाईट का ध्यान रखना चाहिये। खाना खाने के बाद हल्का व्यायाम करना चाहिये। जिससे नींद अच्छी आयेगी व शरीर अच्छे से कार्य करेगा। उन्होंने बताया कि 60 वर्ष के आयु के व्यक्ति को 6 घंटे की नींद लेना आवश्यक है तथा समय-समय पर मेडिकल चेकअप करना चाहिये।
धन्यवाद ज्ञापन पूर्व अध्यक्ष सीताराम अग्रवाल द्वारा किया गया।
सेमीनार में अध्यक्ष मनोज कुमार बंसल, उपाध्यक्ष अम्बा प्रसाद गर्ग, पूर्व अध्यक्ष सीताराम अग्रवाल, राजीव तिवारी, संजय गोयल, सदस्य राजेन्द्र अग्रवाल, अनूप गोयल, विजय मंगवानी, जयकिशन गुप्ता, प्रशांत जैन उपस्थित थे।
















